बहुलक(Polymers) -:

जब कई एकलक इकाइयां आपस मे जुड़ती हैं तो बहुलक का निर्माण होता है। यह क्रिया बहुलकीरण कहलाती है।
The term polymer in Greek means ‘many parts’. (कई भाग)
Polymer पोलीमराइजेशन की प्रक्रिया द्वारा बनाए जाते हैं जिनमें एकलक(Monomers) इकाइयों द्वारा मिलकर बहुलक श्रंखला का निर्माण किया जाता है।

Monomer (एकलक) एक अणु होता है जो कि दूसरे अणु के साथ जुड़कर अर्थात Bond बनाकर Polymer यानि बहुलक का निर्माण करता है। एकलक कम अणुभार वाले यौगिक होते है।

Polymer ka nirman

Table of Content : 

बहुलीकरण
 
● बहुलकों का वर्गीकरण
 
● कुछ महत्वपूर्ण बहुलक
 
● बहुलकों के उपयोग 
 
● EXAM VIEW
Polymerisation
(बहुलीकरण) :
जब किसी यौगिक के छोटे-छोटे सरलतम अणु आपस में जुड़कर  श्रंखला युक्त बड़े अणुभार वाले यौगिक का निर्माण करते हैं, तो उस प्रक्रिया को बहुलीकरण(polymerization) कहते हैं।
इस प्रक्रिया में भाग लेने वाले छोटे-छोटे अणुओं को एकलक (Monomer) कहा जाता है।
बहुलकों का वर्गीकरण
(Classification of Polymers) :
इन्हें कई प्रकार से वर्गीकृत किया गया है।

1. स्त्रोत के आधार पर
(Based on the Source of Availability)

 
● प्राकृतिक बहुलक
● अर्ध संश्लेषित बहुलक
● संश्लेषित बहुलक

2. संरचना के आधार पर
(Based on the Structure of the Monomer Chain)

 
● रैखिक बहुलक
● शाखित बहुलक
● जालक्रम बहुलक/ तिर्यक बन्धित बहुलक
 

3. बहुलकन प्रकार के आधार पर
(Classification Based on Polymerization)

 
● योगज बहुलक
● संघनन बहुलक

4. आण्विक बलों के आधार पर
(Classification Based on Molecular Forces)

 
● प्रत्यास्थ बहुलक
●  रेशे
● ताप सुघट्टय बहुलक
● ताप दृढ़ बहुलक

कुछ महत्वपूर्ण बहुलक -: 

Based on the Source of Availability :
 
प्राकृतिक बहुलक -:
जो Polymer प्रकृृति से प्राप्त होते  हैं,यानि पादप व जन्तुओं से प्राप्त होते हैं  उन्हें प्राकृतिक बहुलक कहा जाता है ।
जैसे : 
– स्टार्च
– सेलुलोस
– प्रोटीन
– प्राकृतिक रबर etc.
अर्ध संश्लेषित बहुलक -:
सेलुलोस व्युत्प्न्न जैसे सेलुलोस एसीटेट (रेयॉन) तथा सेलुलोस नाइट्रेट आदि अर्ध-संश्लेषित बहुलकों के उदाहरण हैं।
संश्लेषित बहुलक -:
कृत्रिम रूप से यानि मानव द्वारा बनाये गए बहुलकों को संश्लेषित बहुलक कहा जाता है।
इसमें plastic एक सामान्य उदाहरण है जो बड़े तौर पर काम मे लिया जाता है।
जैसे : 
– नायलॉन
– टेफ़लोन
– बेकेलाइट etc.
Based on the Structure of the
 Monomer Chain :
रैखिक बहुलक -: इन बहुलकों मे लम्बी और रेखीय श्रंखला होती है।
जैसे : 
– उच्च घनत्व पोलीथीन
– PVC
 
शाखित बहुलक :- 
इन बहुलकों मे रेखीय श्रंखला में कुछ शाखाएं होती है।
जैसे :
– निम्न घनत्व पॉलीथीन 
तिर्यकबन्धित/ जालक्रम बहुलक -:
यह सामान्यतः द्विक्रियात्मक तथा त्रि क्रियात्मक समूहों वाले Monomer से बनते हैं तथा कई रेखीय बहुलक  श्रंखला के बीच मे प्रबल सहसंयोजक बन्ध होते है।
जैसे -: 
– बेकेलाइट
– मेलैमिन 
Classification Based on 
Polymerization -: 
 
योगज बहुलक-:
योगज बहुलक द्वि अथवा त्रि- आबन्ध यानि जिनमें double Bond या Triple Bond होता है ,उन एकलक अणुओं से बनते हैं।
जैसे कि : एथीन से पॉलीथीन का बनना व 
प्रोपीन से पोलीप्रोपिन का बनना 
 
NOTE -: यदि एक ही प्रकार एकलक इकाइयां हो तो उसे “समबहुलक” कहा जाता है जैसे – एथीन से पॉलीथीन का बनना
 
यदि अलग-अलग एकलक Units हो तो उसे “सहबहुलक” कहा जाता है जैसे -: ब्युना-S व ब्युना-N
 
संघनन बहुलक -: 
इन बहुलकों के का निर्माण दो अलग द्वि क्रियात्मक अथवा त्रिक्रियात्मक एकलक units के जुड़ने से होता है।
जैसे कि : 
● टेरिलीन (डेक्रोन)
● नाइलॉन-6,6 व 
● नाइलॉन-6 etc.
क्रियात्मक समूह का मतलब होता है – Functional Groups  👇👇
 
अणु में उपस्थित परमाणु अथवा परमाणुओं का समूह जो क्रियाशील होते हैं तथा जो कार्बनिक यौगिक के रासायनिक गुणों का निर्धारण करते हैं ।
जैसे -: 
एल्कोहल

ईथर
कीटोन
एल्डिहाइड
कार्बोक्सिलिक एसिड

Classification Based on 
Molecular Forces :
 
प्रत्यास्थ बहुलक -: 
 
इन बहुलकों मे जो बहुलकों कि श्रंखलाएं होती है उनमें आपस मे दुर्बल (weak) अन्तराणविक बल होते हैं यह  Weak bond बहुलक को तानित होने देते है ।
इन बहुलकों की श्रंखलाओ के बीच में तिर्यकबन्ध भी होते हैं जो कि बहुलक को वापस उसी स्थिति(प्रारंभिक) में लाने में मदद करते हैं।
Ex.
– ब्युना-S 
– ब्युना-N 
– निओप्रीन 
रेशे -: 
इनसे धागों का निर्माण किया जाता है । इनमे तनन सामर्थ्य यानि खिंचने की क्षमता होती है।
Ex. 
– नाइलॉन-6,6(पॉलीएमाइड) 
– टेरिलीन (पोलएस्टर)
ताप सुघट्टय बहुलक -: 
जब इन Polymers को गर्म किया जाता है तो ये Soft हो जाते हैं तथा जब वापस इन्हें ठंडा किया जाता है तो ये कठोर हो जाते हैं।
Ex. 
– पॉलीथीन
– पॉलीस्टायरिन 
– पोलीविनाइल
– टेफ़लोन
– ऐक्रेलिक
– नायलॉन
 
ताप दृढ़ बहुलक -: 
इन बहुलकों का उपयोग दोबारा नहीं किया जा सकता ।
यहाँ नाम से ही आप पता लगा सकते हैं कि ताप दृढ़ यानि जब इन्हें ताप दिया जाता है तो ये दृढ़ (कठोर) हो जाते हैं।
Ex. 
– बेकेलाइट
– रेज़िन 
– वल्कनीकृत रबर
कुछ बहुलक व उनकी 
एकलक इकाइयां : 
 
पोलीप्रोपिन बहुलक  –  प्रोपीन एकलक
● पोलयस्टॉयरिन बहुलक –  स्टाइरिन एकलक
● पोलीविनाइल क्लोराइड़ (PVC) –  विनाइल क्लोराइड 
● रबर – Isoprene(1, 2-methyl 1 –1, 3-butadiene)
● टेफ़लोन – Tetra Flouro Ethane 
● बेकेलाइट – (a) Phenol (b) Formaldehyde
बहुलकों के उपयोग 
(Uses of Polymers) :
1. पॉलिथीन (Polythene)- 
यह योगज बहुलक का उदाहरण है।
एथीन के सरल कणों का उच्च ताप एवं दाब पर उत्प्रेरक की उपस्थिति में बहुलीकरण किया जाता है, जिससे पॉलीथीन प्राप्त होता है।
आप जानते ही होंगे कि पॉलिथीन से दैनिक जीवन मे काम आने काफी वस्तुओं को बनाया जाता है।
पॉलिथीन 2 प्रकार की होती है :
अल्प घनत्व पॉलीथीन -:
● यह पॉलिथीन रसायनतः अक्रिय, कठोर व लचीली होती है तथा विद्युत की अल्प चालक होती है।
● इसका उपयोग खिलौनों, लचीले पाइप आदि बनाने में किया जाता है।
उच्च घनत्व पॉलिथीन -: 
● यह भी रासायनिक रूप से अक्रिय, अधिक कठोर व दृढ होती है।
● इसका उपयोग बाल्टियों, कूड़ेदानों, बोतलों ,पाइपों आदि बनाने में किया जाता है।
2. टेफ़लोन (पोलीटेट्रा फ्लूओरो एथीन) -:
● यह रासायनिक रूप से अक्रिय होता है।
● इसका उपयोग non-Stick बर्तनों के निर्माण में होता है।
3. पॉलीविनाइल क्लोराइड (polyvinyl chloride)-
● इसे PVC के नाम से भी जाना जाता है।
● यह विनाइल क्लोराइड के बहुलीकरण से प्राप्त होता है।
● पाइप, जूते, बरसाती थैले, खिलौने, फोनोग्राम की रिकॉर्ड, विद्युत रोधी परते आदि बनाने में PVC का उपयोग किया जाता है।
4. बेकेलाइट (Bakelite) -: 
● यह Thermosetting (तापदृढ) polymer है।
फिनॉल तथा फॉर्मलडिहाइड के बहुलीकरण से प्राप्त होता है।
● यह ताप रोधी polymer है यानि यह Heat Resistant है।
● इसका उपयोग कई बर्तनों के handles बनाने में किया जाता है।
● ताप रोधी होने की वजह से इस बहुलक का उपयोग इलेक्ट्रिक स्विच बनाने में किया जाता है।
Exam View -: 
 
 
Que. बहुलक क्या होते हैं?
Ans. बहुलक कई एकलक इकाइयों के जुड़ने से बनते हैं अर्थात जब कई सारे एकलक जुड़ते है तो एक लंबी बहुलक श्रंखला का निर्माण करते हैं।
Que. पॉलिथीन का निर्माण कैसे होता है? 
Ans. एथीन की इकाइयों के आपस मे जुड़ने से पॉलिथीन का निर्माण होता है।
Que. प्राकृतिक बहुलकों के उदाहरण कौनसे हैं?
Ans. प्राकृतिक बहुलक वे होते हैं जो पादपों व जन्तुओं में पाए जाते हैं जैसे – प्रोटीन, सेलुलोस, स्टार्च, रबर
Que. निम्न में से  Electric Switch बनाये जाते हैं?
       (A) बेकेलाइट से
       (B) रबर से
       (C) नायलॉन से
       (D) PVC से 
Ans. (A) बेकेलाइट Heat Resistant यानि तापरोधी होता है जिस कारण इसका उपयोग Electric switch बनाने में होता है।
Que. Polyacryonitrile का व्यापारिक नाम क्या है?
    (A). डेक्रोन
    (B). ओरलोन 
    (C). बेकेलाइट
    (D). PVC
Ans. (B) ओरलोन को एक्रिलिन भी कहा जाता है।
Que. निम्न में से ताप सुघट्टय बहुलक नहीं है?
     (A). टेफ़लोन
     (B). बेकेलाइट
    (C). एक्रेलिक
    (D). पॉलीस्टायरीन
Ans. (B) बेकेलाइट ताप दृढ़ बहुलक है।
Chemistry Vocab -: 
 
● बहुलकीकरण – Polymerization
● ताप सुघट्टय बहुलक – Thermoplastic polymer
● ताप दृढ़ बहुलक – Thermosetting polymer
● ताप रोधी – Heat Resistant
● एकलक इकाई – Monomer Unit
● श्रंखला – Chain
● द्वि-बन्ध – Double Bond (c=c)
● त्रि-बन्ध – Triple Bond 
● तनन सामर्थ्य – Tensile Strength
 तन्य पदार्थ यानि जिन पदार्थों में तनन सामर्थ्य होती है आसानी से खींचकर तार के रूप में बनाए जा सकते हैं। 
 
 
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Categories: Chemistry